कोरोना भी कम नहीं कर सका उत्साह, धूमधाम से मना जन्माष्टमी
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श्रीकृष्ण जन्माष्टमी: नंद घर आनंद भयो, जय हो नन्द लाल की हाथी घोड़ा पालकी, जय कन्हैया लाल की

मछलीशहर ( जौनपुर ) देश भर में कृष्ण जन्माष्टमी मनाई जा रही है. ये त्योहार 11 और 12 अगस्त दोनों ही दिन है. इस दिन भक्त व्रत रखते हैं और पूरे दिन श्रीकृष्ण के भजन-कीर्तन करते हैं. इस दिन कृष्ण के बाल स्वरूप की पूजा की जाती है. इस दिन देश के हर मंदिरों की खास सजावट की जाती है. श्री कृष्णावतार के मौके पर हर जगह झाकियां सजाई जाती हैं. घर में भी भगवान श्रीकृष्ण का श्रृंगार कर उन्हें झूले में बिठाया जाता है।

मंगलवार को सुबह से ही भगवान श्रीकृष्ण के के जन्मोत्सव की तैयारियों जोरों से चल रही थी क्या बच्चे महिलाएं सभी लोग सजावट के सामानों भगवान के पीताम्बरधारी वस्त्र को खरीदकर लोग अपने घर के मंदिरों में सजावट कर रहे थे बच्चे भी गुब्बारों और रंगोली से घर में सजावट चल रहा था मंदिर में भी पुजारी जी और मोहल्ले के लोग मिलकर जन्मोत्सव की तैयारी में जुटे हुए थे मंगलवार को मछलीशहर क्षेत्र में भी श्रीकृष्ण जन्मोत्सव घरों में और मंदिरों में बड़ी धूमधाम से मनाया गया।

प्रभु श्रीकृष्ण के जन्म के पहले से ही जहां मंदिरों में श्रद्धालु भक्त भजन कीर्तन कर रहे थे। लगातार हो रही बारिश में भी लोगों ने छाते को लेकर मंदिर में खड़े होकर भगवान के जन्म की प्रतीक्षा में खड़े हो गए और वहीं जैसे ही मध्यरात्रि रात के बारह बजे वैसे ही घरों मंदिरों में लोगों ने प्रभु श्रीकृष्ण की स्वागत की तैयारियां पूरी कर घंट घड़ियाल बजाकर प्रभु श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की खुशी मनाई और आरती कर ” नंद घर आनंद भयो, जय हो नन्द लाल की.!हाथी घोड़ा पालकी, जय कन्हैया लाल की ” के जयकारों से मंदिर और घर व पूरा क्षेत्र गुंजायमान हो रहा था।