सीबीआई जांच की मांग को लेकर महिलाओं ने किया हाईवे जाम
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ब्रजेश अपहरण: सीबीआई जांच की मांग को लेकर महिलाओं ने किया हाईवे जाम

अपहरण कर हत्या करने में पुलिस की लापरवाही से नाराज धर्मकांटा मैनेजर ब्रजेश की बहन और महिलाएं झांसी-कानपुर हाईवे पर जाम लगाकर बैठ गईं।

कानपुर देहात- अपहरण कर हत्या करने में पुलिस की लापरवाही से नाराज धर्मकांटा मैनेजर ब्रजेश की बहन और महिलाएं झांसी-कानपुर हाईवे पर जाम लगाकर बैठ गईं। महिलाएं दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग कर रही थीं। बुधवार को पोस्टमार्टम के बाद ब्रजेश का शव चौरा गांव ले जाया गया।

वहां शव लेकर परिजन कालपी यमुना घाट को चले। हाईवे पर पहुंचते ही लोग आक्रोशित होकर पुलिस प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाने लगे। कुछ लोग वाहनों को रोक कर जाम लगाने लगे। एसडीएम के कार्रवाई के आश्वासन पर महिलाएं शांत हुई। इस पर एक घंटे बाद हाईवे का यातायात सुचारु हो सका।

सीबीआई जांच की मांग

अपहरण के बाद हुई ब्रजेश की हत्या मामले में अब पीड़ित परिवार ने पुलिस के खुलासे पर सवाल उठाए हैं। साथ ही शोकाकुल परिवार ने मामले की सीबीआई जांच की मांग की है। बुधवार को 5 लाख का सहायता चेक लेकर पीड़ित के घर पहुंचे बीजेपी सांसद भानु प्रताप वर्मा और कानपुर देहात के जिलाधिकारी से परिवार ने कहा कि उन्हें कानपुर देहात की पुलिस पर बिलकुल भरोसा नहीं है, इसलिए मामले की जांच सीबीआई से करवाई जाए। बेटे की मौत के गम में डूबी मृतक ब्रजेश की मां को 5 लाख का सहायता चेक सौंपते हुए बीजेपी सांसद और जिलाधिकारी ने निष्पक्ष जांच कराने का भरोसा दिलाया और संवेदनाएं व्यक्त की। इस दौरान भोगनीपुर के एसडीएम भी मौजूद रहे।

दगाबाज दोस्त ने पैसों के लिए की हत्या

आपको बता दें कि पिछले कई दिनों से लापता चल रहे ब्रजेश का शव मंगलवार को पुलिस ने हत्यारोपी दोस्त की निशानदेही पर एक कुंए से बरामद किया था। दोस्त ने ही अपहरण कर 20 लाख फिरौती मांगी थी। पुलिस ने खुलासा किया कि आरोपी ने अपने लोन का पैसा चुकाने के लिए नशीली कोल्ड ड्रिंक पिला कर बृजेश का अपहरण किया और फिरौती मांगी, लेकिन बाद में बृजेश की हत्या कर शव को कुंए में फेंक दिया। पुलिस ने मंगलवार को उसका शव कुएं से बरामद कर कान्हाखेड़ा के सुबोध सचान को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने दावा किया था सुबोध ने ही ब्रजेश की हत्या कर शव कुएं में फेंका था।

मंगलवार देर शाम कपड़े और चप्पल बरामद कराने के लिए ले जाते समय सुबोध ने दरोगा का रिवाल्वर छीन कर भागने का प्रयास किया था। इसमें एक गोली उसके पैर में लगी थी।

ब्रजेश का शव देख हर एक की आंखे नम

बुधवार को जब पोस्टमार्टम के बाद ब्रजेश का शव चौरा गांव पहुंचा तो कोहराम मच गया। हर किसी के आंसू छलक आए। मां, बहन, दादी, भाभी, मौसी सभी बेहाल हो गए। लोग परिजनों को ढांढस बंधाते रहे। प्रशासनिक अधिकारी भी सांत्वना देते रहे। शव को कालपी यमुना घाट ले जाते समय रोते परिजनों के साथ गांव के लोगों की भीड़ चल पड़ी। हाईवे से महिलाओं को वापस कर शव को अंतिम संस्कार के लिए ले जाया गया।