कांग्रेस ने पायलट गुट के दो विधायकों के खिलाफ की कार्रवाई, भाजपा पर लगाया सरकार गिराने का आरोप

कांग्रेस ने पायलट गुट के दो विधायकों के खिलाफ की कार्रवाई, भाजपा पर लगाया आरोप

कांग्रेस ने राजस्थान के पायलट गुट के 2 विधायकों को पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से निलंबित करने के साथ ही उन्हें कारण बताओ नोटिस भेज दिया है।

जयपुर: राजस्थान की सियासत में सचिन पायलट और अशोक गहलोत की लड़ाई अब कांग्रेस के लिए भी दिक्कतें ला रही है। जिसके चलते कांग्रेस अशोक गहलोत के पास विधायकों का बहुमत होने के चलते उनके ही अनुसार सारे फैसले ले रही है। कांग्रेस नेता सचिन पायलट विधानसभा अध्यक्ष द्वारा भेजे गए नोटिस को लेकर राजस्थान हाईकोर्ट पहुंचे जहां पर उनकी याचिका मंजूर की गई। इसके साथ ही ये लड़ाई अब कानूनी पहलू की ओर चली गई है। इसी बीच अब कांग्रेस ने एक और बड़ा फैसला लिया है।

खत्म की गई सदस्यता

आपको बता दें कि कांग्रेस लगातार सचिन पायलट के इस मामले में सख्त रुख अपना रही है और उनके विधायकों के खिलाफ कार्रवाई की बात कह रही है। अब कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने प्रेस कांफ्रेंस में घोषणा की जिसने एक और हड़कंप मचा दिया है।

दरअसल सचिन पायलट के समर्थक दो विधायकों को कांग्रेस ने अपनी प्राथमिक सदस्यता से निलंबित कर कर दिया है। इन विधायकों के नाम भंवर लाल शर्मा और विश्वेंद्र है ये दोनों ही सचिन पायलट खेमे के विधायक हैं दोनों ही विधायकों को कांग्रेस द्वारा कारण बताओ नोटिस भेजा गया है।

भाजपा पर बड़ा हमला

कांग्रेस प्रवक्ता सचिन पायलट ने एक बार फिर भाजपा पर राजस्थान की सरकार गिराने का आरोप लगाया है। रणदीप सिंह सुरजेवाला ने कहा कि केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत और विधायक विश्वेंद्र सिंह के खिलाफ कानूनी कार्यवाही होने के साथ ही उन्हें गिरफ्तार किया जाना चाहिए। उन्होंने कांग्रेस की सरकार गिराने की साजिश करने के साथ ही कांग्रेसी विधायको को तोड़ने का अपराध किया है। जिसकी बातें एक ऑडियो टेप में सुनी भी जा सकती है।

कांग्रेस ने इसी वायरल टेप के आधार पर भंवर लाल शर्मा और विश्वेंद्र सिंह के खिलाफ कार्यवाही की है। इसी बीच अपने ऊपर लगे आरोपों पर बीजेपी नेता और केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा है‌ कि कथित वायरल टेप में जो भी आवाज है वह मेरी नहीं है यह मेरे खिलाफ साजिश है और मैं किसी भी जांच के लिए तैयार हूं।

पायलट के खिलाफ कार्रवाई

आपको बता दें कि कांग्रेस नेता सचिन पायलट अपनी सरकार से नाराज हैं। जिसके बाद वो 7 जुलाई से दिल्ली में बैठे हुए हैं और उनके साथ कांग्रेस के 19 विधायकों ने भी अशोक गहलोत और आलाकमान के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। कांग्रेस उन्हें लगातार मनाने की कोशिश कर रहा थी, लेकिन जब वह नहीं माने तो सचिन पायलट को उप-मुख्यमंत्री पद और बीजेपी के हाथ में खेलने के आरोपों पर उन्हें प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद से भी हटा दिया गया है।

 

 

 

ये भी पढ़े:

अभिनेत्री दिव्या चौक्सी का कैंसर से निधन |

अजीबोगरीब कारणों से सोशल मीडिया पर फेमस हुए ये लोग |

खोखला साबित हो रहा उत्तर प्रदेश सरकार का गड्डा मुक्त सड़क का दावा |

प्रेमिका ने माँगा चांद तो इस शख्स ने चाँद पर खरीद लिया 1 एकड़ जमीन |

सिम चबा गई शातिर महिला मनु बाजपेई के दो और ऑडियो वायरल |